नई अफीम नीति जारी करने के बाद मंगलवार से नारकाेटिक्स विभाग ने अफीम उत्पादक किसानाें काे फसल बुअाई के लिए पट्टे जारी करना शुरू किया। भीलवाड़ा खंड प्रथम दिन चित्ताैड़गढ़ व भीलवाड़ा जिले की 6 में से 5 तहसीलाें के 33 गांवाें के 151 किसानाें काे पट्टे देगा। पिछले साल भीलवाड़ा खंड की 6 तहसीलाें में करीब 270 गांवाें के 5573 किसानाें काे बुअाई के लिए पट्टे दिए।

उनमें से करीब 28 किसानाें काे खामियाें के चलते इस बार खेती का पट्टा नहीं मिलेगा। अफीम नीति जारी हाेने में करीब 20 दिन की देरी से फसल प्रभावित हाेगी। नारकोटिक्स विभाग के भीलवाड़ा खंड ने पिछले साल दाेनाें जिलाें की 6 तहसीलों के 5573 किसानों को अफीम के पट्टे दिए थे। इनमें चित्तौड़ जिले की बेगंू व रावतभाटा तथा भीलवाड़ा जिले की कोटडी, मांडलगढ़, जहाजपुर व बिजौलिया तहसीलों के उत्पादक शामिल हैं।

इनमें सबसे अधिक 3674 किसान बेगूं तहसील और सबसे कम 35 बिजौलिया तहसील में है। पिछले साल बेगूं तहसील के 142 गांवों के 3674 किसानों को पट्टे दिए थे जबकि कोटड़ी के 27 गांवों के 535 किसानों को 44 हेक्टेयर में, मांडलगढ़ के 47 गांवों के 420 किसानों को 30 हेक्टेयर में, जहाजपुर के 17 गांवों के 139 किसानों को 11 हेक्टेयर और बिजौलिया तहसील के 4 गांवों के 35 किसानों को 2 हेक्टेयर में अफीम की खेती के लिए पट्टे दिए थे। इनमें से बेगूं व रावतभाटा तहसील के करीब 28 किसानाें के पट्टे कम अाैसत देने के कारण कट गए।

जिला अफीम अधिकारी एसके सिंह का कहना है कि इस बार केवल 12 अारी के पट्टे मिलने वाले किसान ही दाे टुकड़ाें में खेती कर सकेंगे। 5, 6 व 10 अारी के पट्टे वाले किसानाें काे एक टुकड़े में ही अफीम की बुआई करनी हाेगी। नियम की अवहेलना करने वालाें के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई किए जाने के साथ ही अगले साल खेती करने का लाइसेंस भी नहीं मिलेगा।

भीलवाड़ा खंड प्रथम दिन मंगलवार काे 5 तहसीलाें के 33 गांवाें के 151 किसानाें काे पट्टे मिले। इनमें बेगूं तहसील के 25, बिजाैलिया के 2, जहाजपुर के 3, काेटड़ी के 1 व मांडलगढ़ के 2 गांवाें के किसान शामिल हैं। पट्टे लेने के लिए किसानाें के बजाय संबंधित गांवाें के मुखिया अाएंगे, जाे पट्टे ले जाएंगे। बुधवार काे 2 तहसीलाें के 22 गांवाें के 200 किसानाें काे पट्टे मिलेंगे। इनमें बेगूं के 12 व मांडलगढ़ तहसील के 10 गांवाें के

किसान शामिल है। काेराेना के कारण पट्टा वितरण के दाैरान मुखियाअाें की भीड़ नहीं हाे। इसे देखते हुए अधिकारियाें ने हर मुखिया काे अलग-अलग समय दिया है। बिना मास्क अाने वाले मुखिया काे प्रवेश नहीं दिया जाएगा। पट्टा वितरण स्थल पर सेनिटाइजर की व्यवस्था की है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
5545 Who will get opium sowing lease, there is no rush, so given different time
Via Dainik Bhaskar https://ift.tt/1PKwoAf

Advertisement

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

 
Top