परिवार में एक के बाद एक सदस्य कोरोना संक्रमण की गिरफ्त में आ रहा है। घर-परिवार में खाना खाते समय, टीवी देखना एवं अन्य किसी कार्यक्रम में सोशल डिस्टेसिंग की पालना नहीं करना, मास्क नहीं लगाने पर संक्रमित हो रहे है। एसएमएस अस्पताल के मेडिसन के डॉ.रमन शर्मा व डॉ.अजीत सिंह का कहना है कि किसी व्यक्ति के सर्दी--जुकाम, बुखार होने पर औसत 17 घंटे पहले किसी व्यक्ति को कोरोना संक्रमित कर सकता है।
ऐसे में लापरवाही नहीं बरतें और मास्क लगाकर ही बाहर निकलें। इसके साथ ही किसी भी तरह के लक्षण दिखने पर तुरन्त डॉक्टर से सलाह लेकर इलाज कराएं। औषधि नियंत्रण संगठन के एक अधिकारी समेत परिवार के सदस्य भी संक्रमित हो गया। मौजूदा स्थिति में होम क्वांरटाइन होकर इलाज ले रहे है। इधर, जयपुर में पिछले तीन से लगातार केसेज बढ़ रहे है। पहले 307, फिर 341 और अब 351 केसेज सामने आए है। रविवार को 351 में से 2 लोगों ने दम तोड़ा है। लेकिन सुखद बात ये है कि अब तक मिले 36011 में से 31080 मरीज रिकवर हुए है।
वायु प्रदूषण, सर्दी, इन्फ्लुएंजा संक्रमण से कोराेना का प्रसार बढ़ सकता है
माैसम में बदलाव के साथ आने वाले दिनाें में काेराेना महामारी थमने की बजाए ज्यादा विकराल रूप धारण कर सकती है। विशेषज्ञाें का दावा है कि सर्दी, प्रदूषण, इन्फ्लुएंजा के चलते आगामी दिनाें में काेराेना की दूसरी लहर आ सकती है, इस दाैरान बच्चे सबसे ज्यादा सुपर स्प्रेडर हाे सकते हैं। शिशु राेग विशेषज्ञ डाॅ. कफील खान के अनुसार सर्दी के दौरान फ्लू फैलने काेविड-19 की दोहरी महामारी हो सकती है। इस बीमारी में बच्चे सुपर स्प्रेडर हाे सकते है इसलिए बच्चाें में ज्यादा सावधानी बरतने की जरूरत है।
ऐसे रहे सतर्क काेविड-19 और इन्फ्लूएंजा में लक्षण समान है, इसलिए ऐसे स्थिति में दाेनाें जांच एक साथ की जाए।
- मास्क पहनना, हाथ धाेने से इन्फ्लूएंजा और कोरोना महामारी से बचा जा सकता है।
- वायु प्रदूषण को कम करने के लिए दीर्घकालिक योजनाएँ तैयार की जाए। प्रदूषण फैलाने वाले उद्योग पर प्रतिबंध लगाए जाए।
- काेविड से रिकवर हाेने के बाद उच्च वायु प्रदूषण इलाके में रहने वाले पाेस्ट काेविड मरीज काे फ्लू की गोली लें।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today Via Dainik Bhaskar https://ift.tt/1PKwoAf
0 comments:
एक टिप्पणी भेजें