टिड्डी को लेकर एक बार फिर बुरी खबर आ रही है। संयुक्त राष्ट्र संघ ने राजस्थान को टिड्डी से सतर्क रहने की चेतावनी जारी की है। संयुक्त राष्ट्र ने कहा कि पाकिस्तान के साउथ सिंध में भारी तादाद में टिड्डी ने अंडे दिए और पाकिस्तान में अब फाके बड़े हो रहे हैं। अब वे भारत की ओर रुख करने वाले हैं।


पिछले महीनों में राजस्थान के किसानों के लिए बड़ी परेशानी बनी टिड्डियों की अगली पीढ़ी एक बार फिर दिक्कत बढ़ा सकती है। संयुक्त राष्ट्र संघ ने एशिया के लिए खास चेतावनी देते कहा, इंडो-पाक बॉर्डर अभी टिड्डियों का बड़ा अड्डा है। हालांकि अफ्रीका, केन्या, युगांडा समेत कई देशों में भी टिड्डी का खतरा है, लेकिन एशिया के लिहाज से इंडो-पाक बॉर्डर पर भारी संख्या में टिड्डी हमला बोल सकती है। संयुक्त राष्ट्र संघ ने कहा कि पाकिस्तान के नागर पाकर इलाके में फाको को समय पर नियंत्रण नहीं किया गया।

इसकी वजह से अब वो बड़ा रूप ले रहे हैं। ये दल अगस्त के अंतिम या सितंबर के पहले सप्ताह तक भारत की ओर रुख कर सकते हैं। चेतावनी भारत सरकार को भी भेजी गई है। बीकानेर कृषि अधिकारियों को भी इसकी सूचना मिली है। इस चेतावनी ने जहां किसानों की परेशानी बढ़ा दी है, वहीं अधिकारियों के हाथ-पांव फूलने लगे हैं। पांच महीने से कृषि विभाग और टिड्डी नियंत्रण दल इन्हें काबू करने में ही लगे हैं, इसके बावजूद मुसीबत खत्म नहीं हो रही है।

अब भारी नुकसान की आशंका
दो महीने पहले जो पीली टिड्डियां यहां आईं उनसे अपेक्षाकृत नुकसान कम हुआ था। अंडे देने की फिराक में टिड्डियों ने फसलें कम खाईं। अब खरीफ फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका है क्योंकि इस वक्त खेतों में फसलें बढ़वार पर हैं। खास बात ये है कि बारिश कम होने की वजह से किसानों ने काफी मुश्किल से बिजाई की है। हमले से किसानों पर बड़ी मार पड़ेगी।


इधर, बाड़मेर में सीमा लांघकर आने लगे फाके: संयुक्त राष्ट्र संघ की चेतावनी जारी होते ही उसका असर बाड़मेर में दिखाई देने लगा है। पाकिस्तान में जिन टिड्डियों ने अंडे दिए थे, उनके बच्चे सीमा लांघकर भारत आने लगे हैं। बाड़मेर में टीमें फाको को मार तो रही हैं, लेकिन उनकी तादाद लगातार बढ़ती जा रही है।



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The United Nations again warned; Large locality of locusts on Indo-Pak border, threat of attack again
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