प्रदेश के तीसरे टाइगर रिजर्व मुकंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में 19 अगस्त से गायब एमटी-1 बाघ की तलाशी के लिए डब्ल्यूडब्ल्यूएफ की ओर से बाघाें की माैत के बाद पहली बार कैमरा ट्रैप ग्रिड सिस्टम तैयार किया है। डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के एक्सपर्ट द्वारा 8 हजार हैक्टेयर के एनक्लाेजर में 80 कैमरा ट्रैप लगाकर बाघ की तलाशी की जा रही है।

कैमरा ट्रैप के लिए विशेष ग्रिड बनाया है। इससे कैमरा ट्रैप की हर दूसरे दिन जांच की जा रही है। मुकंदरा रिजर्व में बाघ लापता होने के बाद यह पहला अवसर है, जब एनटीसीए की विजिट के बाद लापता बाघ की तलाशी के लिए डब्ल्यूडब्ल्यूएफ का सहयाेग लिया जा रहा है। इसके बाद यहां मिसिंग बाघ एमटी-1 के बारे में एविडेंस का पता लगाया जा सकेगा।

मुकंदरा में 2 माह बीतने के बाद अभी तक लापता एमटी-1 बाघ काे लेकर किसी भी तरह के एविडेंस नहीं मिले हैं। विभाग भी इसके अभाव में बाघ के जीवित अथवा माैत का अनाउंस तक नहीं कर पा रहा है। हालांकि एक्सपर्ट का कहना है कि अब बाघ का जीवित मिलना मुश्किल है।



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