इंदिरा गांधी नहर परियोजना में मार्च-मई 2021 के दौरान प्रस्तावित 70 दिवस की नहरबंदी के समय पेयजल व्यवस्था की कार्य योजना को लेकर कलेक्टर महावीर प्रसाद वर्मा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार काे बैठक हुई।
कलेक्क्टर ने कहा कि 40 दिन की आंशिक व 30 दिन की पूर्ण नहरबंदी की जाएगी। शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था बरकरार रखने के लिए जिले की सभी पेयजल परियोजनाओं के अलावा जो भी जल भण्डारण की डिग्गियां व स्राेत हैं, उनको बंदी से पहले पूर्णतः भरा जाएगा। जिससे नहरबंदी के दौरान पेयजल की समस्या न हो। पानी की चोरी रोकने के लिए पुलिस व प्रशासन के सहयोग करेगा। उन्होंने कहा कि सभी विभाग एक्शन प्लान बनाकर काम करें। कलेक्टर ने जल संसाधन विभाग को निर्देश दिए कि विभाग की पेयजल परियोजनाओं में पानी की डिमांड तथा भण्डारण क्षमता के अनुरूप प्लान तैयार करें।
जल संसाधन विभाग के एसई प्रदीप रूस्तगी ने बताया कि कैनाल रेग्युलेशन चार्ट बनाकर काम किया जाएगा। नहरबंदी के दौरान केवल उपलब्ध पानी को पेयजल के लिए ही उपयाेग करने के लिए अामजन काे जागरूक किया जाएगा।
नहरबंदी में उपलब्ध पानी का सिंचाई के लिए उपयोग नहीं किया जा सकेगा। पेयजल के लिए जब 2000 क्यूसेक पानी उपलब्ध होगा, उस दौरान सिंचाई वाले आउटलेट बंद किए जाएंगे। डिग्गियों के भण्डारण की माॅनिटरिंग संबंधित ग्राम विकास अधिकारी करेंगे। बैठक में एडीएम प्रशासन डाॅ. गुंजन सोनी, एसीईओ मुकेश बारेठ, एसडीएम उम्मेद सिंह रतनू, एसई बलराम शर्मा, डिस्काॅम के एसई जेएस पन्नू, आईजीएनपी के एसई रामसिंह सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today Via Dainik Bhaskar https://ift.tt/1PKwoAf
0 comments:
एक टिप्पणी भेजें